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कड़ी मेहनत रंग लाती है, चेहरे पे खुशियाँ हज़ार लाती है, मिल जाता है मोक्ष यहीं पे, हमारी मुक्ति सुन्दर हो जाती है।

मानव सेवा से बढ़कर कोई दूसरा धर्म नहीं है। अपनी इसी सोच को सार्थक बनाने के प्रयास में हैंड्स फ़ॉर हैल्प संस्था का एक और कदम।
आज दिनाँक 8 मई 2022 को हैंड्स फ़ॉर हैल्प संस्था, अलीगढ़ और नारायण सेवा संस्थान, उदयपुर के संयुक्त तत्वावधान में कृत्रिम अंग वितरण का दो दिवसीय शिविर का समापन हुआ। संस्था के मीडिया प्रभारी विशाल मर्चेन्ट ने बताया कि शिविर में लगभग 250 दिव्यांगजनों को कृत्रिम अंग पूर्व में लिए गए नाप के हिसाब से लगाये गए। कृत्रिम अंग लगवा कर हर एक दिव्यांग का चेहरा खुशी से खिल उठा। हर किसी ने संस्था द्वारा किये गए इस अभूतपूर्व कार्य की जमकर सराहना की। इधर कार्यक्रम में आये हुए गणमान्य अतिथियों ने हैंड्स फ़ॉर हैल्प संस्था द्वारा आयोजित इस परोपकारी मानव सेवा कार्य को अद्वितीय बताया। सबने कहा कि अलीगढ़ महानगर का ये पहला और अतुलनीय कार्य है जो आज से पहले यहाँ कभी नहीं हुआ। कार्यक्रम में डॉ डीके वर्मा, डॉ एसके गौड़, डॉ भरत वार्ष्णेय, डॉ अमित गुप्ता, डॉ मनोज गर्ग, डॉ नितिका गर्ग, डॉ नागेश वार्ष्णेय, ने मुख्य रूप से उपस्थिति दर्ज कराई और कृत्रिम अंग प्रत्यारोपण के बारे में जानकारी ली। साथ ही जलपान आदि की व्यवस्था सीताराम रसोई, बालाजी मानव सेवा ट्रस्ट द्वारा की गई। इधर संस्था सदस्यों में अध्यक्ष सुनील कुमार के साथ नीरज रानी, विशाल मर्चेन्ट, रामू भाई,चिराग कुमार, मिंकू गर्ग,जितेंद्र टीडी, राहुल वशिष्ठ,विशाल भारती, अन्नू भैया, सतीश शर्मा, अरुण शर्मा, विवेक अग्रवाल, बबिता अग्रवाल, सुमन प्रकाश, योगेश शर्मा, ब्रजेश वशिष्ठ, अनिल गौड़, कल्पेश शर्मा, प्रदीप वर्मा,मीरा सिंह
अजय कुमार (गुरु कलेक्शन),गोविंद ज़ी,कपिल अग्रवाल,गोपाल ज़ी (प्रधान),देवेंद्र ज़ी गुरु,भानु प्रकाश ज़ी,ललित दीवान ज़ी,चन्द्र प्रकाश ज़ी,नन्हे भैया,सज्जन कुमार,मंजू वार्ष्णेय,नीरज वार्ष्णेय(बंटी), आदि के साथ नारायण सेवा संस्थान की सम्पूर्ण टीम मौजूद रही।

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